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क)
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1)
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ऐसे
कार्यकलापों
की
व्यवस्था
करना
या
उन्हें
करना
जिनका
लक्ष्य
धारणीय
आर्थिक
विकास
या
सामाजिक
विकास
और
पर्यावरण
संरक्षरण
की
आवश्यकताओं
अनुरूप
स्तर
पर सन्
2045 तक
जनसंख्या
स्थिर
करना
हो।
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2)
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ऐसी
योजनाओं
कार्यक्रमों,
परियोजनाओं
और
पहलुओं
को
प्रोत्साहित
करना
और
उन्हें
सहायता
पहुंचाना
जिनसे
गर्भ
निरोध
और जनन
बाल
स्वास्थ्य
देखरेख
के लिए
अनापूर्ति
आवश्यकताओं
को
प्राप्त
किया
जा
सके।
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3)
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सरकारी
निजी
एवं
स्वैच्छिक
क्षेत्र
में नए
विचारों
को
प्रोत्साहित
करना
एवं
सहायता
पहुंचाना
ताकि
राष्ट्रीय
जनसंख्या
नीति 2000
के
उद्देश्यों
को
प्राप्त
किया
जा
सके।
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4)
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जनसंख्या
स्थिरीकरण
के लिए
किए
जाने
वाले
राष्ट्रीय
प्रयासों
के
पक्ष
में
उत्साहों
लोगों
के
आंदोलन
को
सुविधाएं
प्राप्त
कराना।
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5)
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जनसंख्या
स्थिरीकरण
के
राष्ट्रीय
कारण
को
बढ़ावा
देने
के लिए
देश और
विदेशों
में
व्यक्तियों,व्यापार
संगठनों
और
अन्य
से
प्राप्त
अंशदनों
को
सरणीबद्ध
करने
की
सुविधा
उपलब्ध
कराना,
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ख)
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कोष
के
उद्देशेयों
को
प्राप्त
करने
के लिए
किए जा
रहे
प्रयासों
में
धर्म,
समुदाय,
जाति
या
वर्ग
के
आधार
पर कोई
भेद
भाव
नहीं
किया
जाएगा।
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ग)
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कोष
की
समस्त
आय,
उपार्जन,
चल और
अचल
संपत्तियों
का
उपयोग
इसके
लक्ष्यों
और
उद्देश्यों
को
बढ़ावा
देने
के लिए
ही
किया
जाएगा
जैसा
कि
संगम
ज्ञापन
में
निर्धारित
किया
गया है
और कोष
की आय
और
संपत्ति
के
किसी
भी भाग
की
अदायगी
या
उसका
अंतरण,
लाभांश
बोनस
या लाभ
के रूप
में
कोष के
किसी
भी
वर्तमान
या
पूर्व
सदस्यों
को
किसी
अन्य
व्यक्ति
को
किसी
भी
व्यक्ति
या कोष
के
वर्तमान
या
पूर्व
सदस्यों
के
माध्यम
से
किसी
भी
प्रकार
से
नहीं
किया
जाएगा।
कोष का
कोई भी
सदस्य
या कोई
व्यक्ति
अपनी
सदस्यता
के
कारण
संपत्ति
पर या
उसके
किसी
भी लाभ
पर
अपना
कोई
दावा
नहीं
कर
सकता/सकती।
कोष के
लेखाओं
की
लेखापरीक्षा
नियमानुसार
की
जाएगी।
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